भारत और फ्रांस के बीच 14 समझौतों पर हस्ताक्षर, मील का पत्थर साबित होगा समझौता

नई दिल्ली। फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों भारत दौरे पर हैं। वे शुक्रवार को भारत के दौरे पर आए हैं। मैक्रों की भारत यात्रा चार दिनों की है। इस दौरान वे वाराणसी के आरती में और आगरा के ताजमहल भी देखने जाएंगे। दोनों देशों के बीच 14 अहम समझौतों पर हस्ताक्षर हुए हैं। यह समझौता रेलवे के साथ-साथ रक्षा, शहरी विकास, और अंतरिक्ष सहित अन्य महत्वपूर्ण क्षेत्रों में हुआ है। शनिवार को पीएम मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों ने संयुक्त प्रेस वार्ता की। इस दौरान भारतीय पीएम मोदी ने कहा कि हम सिर्फ दो सशक्त स्वतंत्र देशों और दो विविधतापूर्ण लोकतंत्रों के ही नेता नहीं हैं, हम दो समृद्ध और समर्थ विरासतों के उत्तराधिकारी हैं।’

साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस में पीएम मोदी ने कहा कि हम चाहते हैं कि हमारे युवा एक-दूसरे के देश को जानें, एक-दूसरे के देश को देखें, समझें और काम करें, ताकि हमारे संबंधों के लिए हजारों उच्चायुक्त तैयार हों। इसलिए आज हमने दो महत्वपूर्ण समझौते किये हैं। उन्होंने कहा कि इनमें से एक समझौता है कि एक-दूसरे की शिक्षा योग्यताओं को मान्यता देने का और दूसरा माइग्रेशन और मोबिलिटी साझेदाही को गति देने का।

यह भी पढ़ें -   ईरान में बड़ा विमान हादसा, सभी यात्रियों की मौत

पीएम मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति ने संयुक्त रूप से प्रेस कांस्फ्रेंस में कहा कि हमारी (भारत-फ्रांस) रणनीतिक भागीदारी भले ही 20 साल पुरानी हो लेकिन हमारे देशों और हमारी सभ्यताओं की आध्यात्मिक साझेदारी सदियों लंबी है। उन्होंने कहा कि जमीन से आसमान तक कोई ऐसा विषय नहीं है जिसमें भारत और फ्रांस साथ मिलकर काम ना कर रहे हों। इस मौके पर पीएम मोदी ने कहा कि ‘रक्षा, सुरक्षा, अंतरिक्ष और उच्च तकनीक में भारत और फ्रांस के द्विपक्षीय सहयोग का इतिहास बहुत लंबा है। सरकार किसी की भी हो, हमारे संबंधों का ग्राफ सिर्फ और सिर्फ ऊंचा ही जाता है।’

यह भी पढ़ें -   पीएम मोदी को राखी बांधने वाली 104 वर्षीय बहन का निधन

वहीं साझा प्रेस कॉन्फेंस में फांस के राष्ट्रपति मैक्रों ने कहा कि दोनों देशों के बीच ऐतिहासिक गठजोड़ है। वहीं आतंकवाद के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि दोनों देश आतंक और उसकी फंडिंग के खिलाफ लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि आतंकवाद एक बड़ा खतरा है और विश्व में शांति को बढ़ावा देने की जरूरत है। इससे पहले शनिवार को फ्रांसिसि राष्ट्रपति को राष्ट्रपति भवन में गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस दौरान वहां पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद अपनी पत्नी सविता कोविंद के साथ और पीएम नरेंद्र मोदी भी मौजूद थे।

यह भी पढ़ें -   डोकलम विवाद: सिक्किम सीमा पर भारत ने बढ़ायी सैनिकों की तैनाती

बता दें कि मैक्रों अपनी पत्नी ब्रिगित मैरी क्लाउड के साथ भारत पहुंचे। उनके साथ उनके मंत्रीमंडल के कई वरिष्ठ मंत्री भी भारत पहुंचे। शुक्रवार को मैक्रों के भारत की धरती पर कदम रखने के बाद पीएम मोदी ने खुद एयरपोर्ट जाकर उनका स्वागत किया।

 

How useful was this post?

Click on a star to rate it!

Average rating / 5. Vote count:

No votes so far! Be the first to rate this post.

We are sorry that this post was not useful for you!

Let us improve this post!

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *